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जिन्दगी संग जुआ

जिन्दगी संग जुआ जिन्दगी के संग जुआ खेलता हूँ ,रोज़ एक नया तजुर्बा झेलता हूँ ,नीचता की भी परिसीमा होती हैनेकी के नाम बदी करते देखता हूँ ।। डी …