Author: Sonu Sahgam

कुछ यादें बीते साल की – सोनू सहगम –

-: कुछ यादें बीते साल की :-कुछ यादें बीते साल की,नये साल में बहुत याद आयेगीकुछ यादें माना आँखें करेंगी नामकुछ यादें चहरे पर मुस्कान खिलायेगीकुछ यादें जिनका साथ …

कुछ लम्हें – कुछ पल – सोनू सहगम

-: कुछ लम्हें –कुछ पल :-उसने धीरे से बेड से उठते हुएफुसफुसाकर कहा मेरे कान मेंक्या तुमको वो लम्हा याद है,जब हम मिले थे पहली बार अनवर चाचा की …

शरद पूर्णिमा – सोनू सहगम

-: शरद पूर्णिमा :-आज पूर्ण चन्द्रमा, सोलह कलाओं से युक्तधरती पर अपनी, अमृत बरसाने आया हैधरा के समीप होगा, दमकते चाँद काये सुंदर संजोग, शरद पूर्णिमा कहलाया हैश्री, भू, …

फूटपाथ- सोनू सहगम

-:फूटपाथ:-ए ज़िन्दगी बड़ी मगरूर है तूफुटपाथ पर सोते देखा, कितनी बेबस,कमजोर है तू।।है पत्थर सीने में, दिल नहीदेखा न वहां, पेट कोई ऐसा,जिस में भूख से पड़े बल नही …

कैसा ये हिंदुस्तान है – सोनू सहगम

-: कैसा ये हिंदुस्तान है :- कैसा ये हिंदुस्तान है। जहाँ सोया हर इंसान है।। एक दूसरे की कमियाँ तलासते है अपने गिरेबां में ना वो झांकते है कुर्सी …