Author: Shashank Hirkaney

आपको क्या पता,आपको क्या खबर

हम है तन्हा इधर,आप हो बेफिकर,नींद आई नही आज भी रात भर,हाल क्या है हमारा इश्क मे आपके,आपको क्या पता,आपको क्या खबर।आपको क्या पता,आपको क्या खबर।।पतझड़ के दरख्तों सी …

कहाँ से ला के दे देता

मै अपना नाम दे देता,मै अपनी शान दे देता,यदि तुम मांग लेती जान,मै हस के जान दे देता,खजाने अम्बर के कैसे दूँ मेरे है पांव धरती पर,थी चाहत चांद …

कब तक सहेगी और अत्याचार बेटियाँ

सूने से जो आंगन मे रंगोली सजा दे, चाहे वो जिस दिन को भी दिवाली बना दे, हर एक दिन को बेटियां त्योहार बना दे, मामूली घर मे खुशियो …