Author: bharatjn75

तुझे भी मानना होगा

आसमाँ और होता है, जमीं कुछ और होती है,ख्वाब और कहते है, सच्चाई कुछ और होती है।तसव्वुर में कोई चेहरा, मेरे दिन रात रहता है,अंधेरे पर और होते हैं, …

चमन महके तो कैसे

चमन महके तो कैसे दोस्त कम मग़र दुश्मन ये बहुत हैं,बस्तियां जलाने वालों के दिल और चेहरे काले बहुत हैं।अनपढ़ रहना ही अच्छा है समझदार सी दुनिया में,वगरना यहां …

जुआरी दांव पर खुद को लगाने आज बैठा है…

हार कर घर बार सारा सुख, पाने आज बैठा है,जुआरी दांव पर खुद को लगाने आज बैठा है।नहीं बाकी रही कीमत तेरी, तेरी ही नज़रों में,जो रख कर हासिये …

रास्ते का मैं नहीं हूँ

मेरी धड़कनों में वो है कि जिसका मैं नहीं हूँ,ओढ़ा हुआ हूँ जिसे उस पैरहन का मैं नहीं हूँ,जब छोड़ा साहिलों को ये बात समझ आयी,लहरों में मिल चुका …

अब नूतनता आई है…

हटो पुरातनता जड़ता अब नूतनता आई है,निर्जीव धमनियों में फिर से नया रक्त लाई है।नयी कोपलें फूट चुकी हैं फसले पककर हैं तैयार,नये खेल नये मैदान हैं नये अशोक …