Author: आदेश कुमार पंकज

इजहार किया होता

प्यार का तुमने कभी भी, इजहार किया होता | एक बार भी तुमने अगर , ऐतवार किया होता | कर देता सर्वश्व न्यौछावर तेरे इन क़दमों में मैं, साथ …

ओ प्यारे , बच्चों हमारे|

ओ प्यारे , बच्चों हमारे| आशीष तुमको देता यहीं हूँ , लक्ष्य को प्राप्त कर लो, और चमकें सितारें | ओ प्यारे , बच्चों हमारे| लगन वह तुम्हारी , …