ऐ जिंदगी — डी. के. निवातिया

ऐ जिंदगी

बहुतो को तरसाया तूने बहुतो को रुलाया हैबड़ी मशरूफ और मगरूर है तू ऐ जिंदगीन जाने कितनो का दिल तूने दुखाया हैजरा ये भी बता दे कितनो को हँसाया है !!!न किसी को रुलाया है, न हँसाया है,मैंने तो बस अपना फर्ज निभाया हैजाने क्यों दोष देते है लोग मुझकोजिसने जैसा बोया फल वैसा पाया है !!!!!डी.  के. निवातिया@@@

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    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  1. shivdutt 27/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  2. ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 27/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 27/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  4. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 27/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  5. C.M. Sharma babucm 27/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  6. Madhu tiwari Madhu tiwari 28/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  7. Kajalsoni 28/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  8. Shyam Shyam tiwari 28/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017
  9. Shyam Shyam tiwari 28/03/2017
    • डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 01/04/2017

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