मोहे प्रीत के रंग रंगना — डी. के. निवातिया

रंग से नही रंगना,सजन मोहे अपने रंग में रंगना !कच्चे रंग दिखावे के, मोहे प्रीत के पक्के रंग रंगना !!!बारह महीनो चढ़ा रहे, मोहे फाग के रंग में रंगना !सावन भादो हरा रहे मोहे ऐसे रंग में तुम रंगना !!!ज्यो – ज्यो चढ़े,बैसाख – ज्येष्ठ की दुपहरी !तपती धरती में,हो जाये मेरा रंग भी पक्का !!!पूस – माघ की सर्दी में, जम जम जाये, रंग हो ठंडा !हर मास असर दिखाये,सजन मोहे ऐसे रंग में रंगना !! !  रंग से नही रंगना, सजन मोहे अपने रंग में रंगना !कच्चे रंग दिखावे के,मोहे प्रीत के पक्के रंग रंगना !!!!!डी. के. निवातिया

************************

Оформить и получить экспресс займ на карту без отказа на любые нужды в день обращения. Взять потребительский кредит онлайн на выгодных условиях в в банке. Получить кредит наличными по паспорту, без справок и поручителей

22 Comments

  1. Rajeev Gupta 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  2. Rajeev Gupta 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  3. Shishir "Madhukar" 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  4. Madhu tiwari 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  5. MANOJ KUMAR 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  6. Kajalsoni 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  7. कृष्ण सैनी 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  8. babucm 11/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  9. Shyam tiwari 12/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017
  10. Meena Bhardwaj 13/03/2017
    • डी. के. निवातिया 15/03/2017

Leave a Reply