दिव्य शक्ति – शिशिर मधुकर

ऐ वक्त तेरे सामने मैं तो हो गया निढाल अब तो नई राहों को तू मेरे लिए निकाल जब बंधनों में पाँव हैं कुछ रिश्तों के लिए कैसे मैं बदल दूँ अचानक से अपनी चाल गर युद्ध ना करूँगा निज दृष्टि में गिरूँगामस्तक उठा के फिर मैं कैसे बात करूँगा अन्याय ही हरदम अगर यहाँ जीतता रहा क्यों कर मैं तेरी बातों पे विश्वास धरूँगा अपनी दिव्य शक्ति का अब दिखा कमाल कुछ ऐसा कर बने यहाँ पे एक बड़ी मिसाल धर्म और न्याय का जो बस उपहास कर रहे मिटा दे उनकी हस्ती को सम्पूर्ण महाकाल शिशिर मधुकर

Оформить и получить экспресс займ на карту без отказа на любые нужды в день обращения. Взять потребительский кредит онлайн на выгодных условиях в в банке. Получить кредит наличными по паспорту, без справок и поручителей

16 Comments

  1. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 10/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 10/03/2017
  2. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 10/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 10/03/2017
  3. Madhu tiwari Madhu tiwari 10/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 10/03/2017
  4. C.M. Sharma babucm 10/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 11/03/2017
  5. Kajalsoni 10/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 11/03/2017
  6. ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 10/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 11/03/2017
  7. आलोक पाण्डेय आलोक पान्डेय 10/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 11/03/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 11/03/2017

Leave a Reply