उस बेटी की फिर याद आई—मधु तिवारी

उस बेटी की फिर याद आईचारों ओर उदासी छाईवैसे हरदम रहती दिल मे,बरसी मे फिर ली अंगड़ाईचारों ओर अंधेरा थादुर्दिन ने तुझको घेरा थाफल करनी का पाए वोतुझपे जुल्म ढाए जोआज तेरी यादों मे फिरसबकी आंखें भर भर आईउस बेटी की फिर याद आईलड़ी है तुम जान तकसंदेश दिया इन्सान तकजन जन को दिया झकझोरजैसे उठा दिया झिंझोड़जगा दिया हम सबको फिर,खुद तारों मे जा समाईफिर उस बेटी की याद आईगीत मेरा है तुझे समर्पितसृद्धा सुमन है करता अर्पित फिर ऐसा न हो कहीं परफिर न लुटे कभी कोई घरहे देव! निर्भया बेटी की,जग मे रखना मान बड़ाईफिर उस बेटी की याद आईफिर उस बेटी की याद आई।

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18 Comments

  1. Shishir "Madhukar" 16/12/2016
  2. Madhu tiwari 16/12/2016
    • Shishir "Madhukar" 16/12/2016
      • Madhu tiwari 16/12/2016
  3. Meena Bhardwaj 16/12/2016
  4. निवातियाँ डी. के. 16/12/2016
  5. ANU MAHESHWARI 16/12/2016
  6. Manjusha 16/12/2016
  7. Madhu tiwari 16/12/2016
  8. babucm 16/12/2016
  9. mani 17/12/2016

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