तुम आज मुझ को अपने से लगने लगे………. मनिंदर सिंह “मनी”

तुम आज मुझ को अपने से लगने लगे,दिल में मेरे तुम बन शमां जलने लगे,,थे अजनबी मुझ से कभी तुम ऐ सनम,बन आज साया साथ तुम चलने लगे,,होने लगी बातें तेरे मेरे दरमियां,लब चुप गुफ्तगू नैन खुद करने लगे,,मैं था कभी गुमनाम राहों पर कहीं,तेरे साथ लम्हे खुशनुमा लगने लगे,,जाने न कोई कैसे हो जाये इश्क,तेरे लिये हम ऐ “मनी” सजने लगे,,मनिंदर सिंह “मनी” बह्र-२२१२ २२१२ २२१२

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20 Comments

  1. Shishir "Madhukar" 27/10/2016
    • mani 27/10/2016
  2. sarvajit singh 27/10/2016
    • mani 27/10/2016
  3. डॉ. विवेक 27/10/2016
  4. mani 27/10/2016
    • mani 27/10/2016
  5. Kajalsoni 27/10/2016
    • mani 27/10/2016
  6. babucm 27/10/2016
  7. mani 27/10/2016
  8. निवातियाँ डी. के. 27/10/2016
    • mani 27/10/2016
  9. Meena Bhardwaj 27/10/2016
    • mani 28/10/2016
  10. MANOJ KUMAR 28/10/2016
    • mani 28/10/2016
  11. Dr Swati Gupta 28/10/2016
    • mani 28/10/2016

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