एक प्यार का नगमा (प्रदीप शर्मा)- संतोष आनंद जी के सृजन से आगे …..

एक ओर ये खुशियों की
बरसात सा झरता है
एक ओर कभी गम की
बदली सा बरसता है
जीवन की कसोटी पर
ये आँख का आंसू है
जिंदगी और कुछ भी नहीं
तेरी मेरी कहानी है

मैं तेरी वाफाओ की
तस्वीर सजाऊंगा
जो खो भी दिया तुझको
तो यादों में बुलाऊंगा
कुछ राग दिए तुमने
मुझे धुन तो सजानी है
जिंदगी और कुछ भी नहीं
तेरी मेरी कहानी है

5 Comments

  1. निवातियाँ डी. के. 24/09/2016
  2. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 24/09/2016
  3. babucm 24/09/2016
  4. Kajalsoni 24/09/2016

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