ये मेरा वतन – सर्वजीत सिंह

ये मेरा वतन

ये मेरा वतन, ये मेरा वतन
ये मेरी मोहब्बत मेरा सनम
ये मेरा वतन, ये मेरा वतन

दुश्मन ने जब भी तोडा अमन
कोशिश फिर की बर्बाद-ए चमन
दुश्मन को कभी ना बक्शा है
मुँह तोडा दिया की रक्षा है
सरहद की सुरक्षा मेरा कर्म
ये मेरा वतन, ये मेरा वतन

हर सांस में मेरी तिरंगा बसा
मेरे सर पे चढ़ा है इसका नशा
ये मेरी आन है ये मेरी शान
इस पर कर दूं में जाँ कुर्बान
खाता हूँ कसम खाता हूँ कसम
ये मेरा वतन, ये मेरा वतन

यहाँ शहीद हुए कई वीर जवान
बस देश की खातिर दे दिए प्राण
ज़र्रा भी ना दुश्मन ले पायेगा
मिटा देंगे उसका नामोनिशान
चाहे जितने भी वो कर ले यत्न
ये मेरा वतन, ये मेरा वतन

सर्वजीत सिंह
[email protected]

14 Comments

  1. ANAND KUMAR 14/08/2016
    • sarvajit singh 14/08/2016
  2. निवातियाँ डी. के. 14/08/2016
    • sarvajit singh 14/08/2016
  3. Shishir "Madhukar" 14/08/2016
    • sarvajit singh 14/08/2016
  4. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 14/08/2016
    • sarvajit singh 14/08/2016
  5. Savita Verma 14/08/2016
    • sarvajit singh 14/08/2016
  6. Meena bhardwaj 15/08/2016
  7. mani 15/08/2016
  8. C.m sharma(babbu) 16/08/2016
  9. sarvajit singh 18/08/2016

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