लाजबाब हो गयी

चाहने वालो के लिए एक ख्वाब हो गयी
सब कहते है क़ि तू माहताब हो गयी
जबाब तो तेरा पहले भी नही था
पर सुना है क़ि अब और लाजबाब हो गयी||

कवि:- शिवदत्त श्रोत्रिय

8 Comments

  1. babucm 08/08/2016
  2. Shishir "Madhukar" 08/08/2016
  3. Kajalsoni 08/08/2016
  4. mani 08/08/2016

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