बेगाना

शुक्र है तुमने कुछ तो माना अपना नही बेगाना ही सही,
तुम्हारे ख्यालो मे जीक्र तो आया अच्छा नही बुरा ही सही
हम तो फर्ज अदा करते आये है सदा अपना समझकर,
बदले मे कभी कुछ तो मिलेगा प्यार नही गुस्सा ही सही ।।



डी. के. निवातियॉ[email protected]

16 Comments

  1. mani 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016
  2. babucm 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016
  3. Kajalsoni 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016
  4. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016
  5. Shishir "Madhukar" 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016
  6. RAJEEV GUPTA 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016
  7. Rinki Raut 22/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 22/07/2016

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