सौगात…. (ईद मुबारक )

ईद मनाने गया था यार के दर पे
खाली हाथ…………………………..!
रस्म अदायगी से गले मिले हम दोनों
आंसू छलक गये उसके मिले वर्षो बाद
मैंने भी हाथ फैला दिए ……………!
इबादत में उनकी सौगात समझकर
ले आया अपने साथ ………………..!!
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ईद मुबारक
डी, के निवातियाँ [email protected]@@

16 Comments

    • निवातियाँ डी. के. 07/07/2016
  1. Shishir "Madhukar" 07/07/2016
  2. निवातियाँ डी. के. 07/07/2016
  3. Meena bhardwaj 07/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 07/07/2016
  4. सुरेन्द्र नाथ सिंह कुशक्षत्रप 07/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 07/07/2016
  5. C.m.sharma(babbu) 07/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 07/07/2016
  6. RAJEEV GUPTA 07/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 07/07/2016
  7. Ankita Anshu 07/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 07/07/2016
  8. sarvajit singh 08/07/2016
    • निवातियाँ डी. के. 18/07/2016

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