जीवन एक संघर्ष….

हैं कई विकल्प जीने के
यदि तुम में कुछ बात है।
इस जीवन के अंगारे में
कुछ न कुछ तो राज है।
हैं विकल्प कई जीने के…….

हैं रास्ते बहुत जटिल
पर हिम्मत भी तो साथ है।
उठ चलो बस डटे रहो
फिर देखो मंजिल तुम्हारे हाथ है।
हैं विकल्प कई जीने के……….

जहाँ होंठों पर हो कालकूट
वहीं तो सुधा की प्यास है।
बढे चलो बढ़े चलो पथिक तुम
यदि खुद में तुम को विश्वास है।
हैं विकल्प कई जीने के…….

संघर्ष विपदा और कठिनता
यही तो जीवन का श्रृंगार है।
इसको भी न पहना जिसने
उसका जीना बेकार है।

हैं कई विकल्प जीने के
यदि तुम में कुछ बात है।
इस जीवन के अंगारे में
कुछ न कुछ तो राज है।
– अनुज

4 Comments

  1. babucm 18/04/2016
  2. Shishir "Madhukar" 19/04/2016
  3. shalu verma 19/04/2016
    • abha chowdhury 20/04/2016

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