परिस्थिति

परिस्थिति बतला दूं तुझको,
हरा नही सकती तू मुझको,
तेरी एक मुस्कान पे मैं बस,
थोड़ा सा घबराया था….

पहनाई संकट की माला,
स्थिर जीवन तूने मथ डाला
तेरी उथल पुथल से मैं बस
थोड़ा सा घबराया था….

पंकज….

2 Comments

  1. Anuj Tiwari 19/07/2015
    • mishrap1 19/07/2015

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