जोकर……………………..देवेश दीक्षित

कितना दिलचस्प होता है न जोकर

जो खुद रो कर भी दूसरों को गुदगुदाता है

अपनी तकलीफों को भूलकर

सबके चेहरों पर मुस्कुराहट लाता है

 

रंग बिरंगा सा चेहरा बनाकर

सबको बहुत लुभाता है

टेढ़ा मेढ़ा सा मुँह बनाकर

सबको प्रसन्न करता है

 

तरह तरह के करतब दिखाकर

सबको बहुत हंसाता है

दिल के अपने दर्द छुपाकर

नई प्रेरणा को जगाता है

 

उसकी खूबियों को देखकर

मन में ये विचार आता है

क्यों व्यक्ति रास्ता भटक कर

दूसरों को दुख पहुंचाता है

 

हँसी खुशी से जीवन बिताकर

क्यों नहीं वह रह पाता है

क्यों अधर्म का मार्ग अपनाकर

सबके नयनों में अश्रु लाता है

 

बस एक ऐसा है जोकर

जो अपने धीरज को बढ़ाता है

सबके मन में खुद को बैठाकर

दिलों पर राज करता है

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देवेश दीक्षित

7982437710

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