निर्भया2:-विजय

अरि नहीं हूं मैं किसी कीसखी हूं मैं हर किसी कीअबला कहने वाले सुन लोअब ना जुल्म सहूँ मैं किसी कीसुन ले आज के सब रावणचीर हरण करने वाले दुस्सासनअंत निकट है अब हर दानव कारूप दुर्गा का नारी ने किया है धारणअब नारी हर रण को है तैयारहाथों में सज्जित भाले तलवारखैर नही अब जग-दानव कीचंडी ने लिया है नारी अवतारभेदभाव नारी संग करने वालोंहाथों की कठपुतली कहने वालोंजना है जिसने जग में नर कोसम्मान उसका जरा तुम कर लो

Оформить и получить экспресс займ на карту без отказа на любые нужды в день обращения. Взять потребительский кредит онлайн на выгодных условиях в в банке. Получить кредит наличными по паспорту, без справок и поручителей

4 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 07/01/2020
    • vijaykr811 vijaykr811 07/01/2020
  2. deveshdixit DEVESH DIXIT 09/01/2020
    • vijaykr811 vijaykr811 09/01/2020

Leave a Reply