Category: रचना श्रीवास्तव

देखा है मैने

माँ  देखा मैने – बहुत कुछ देखा बेनूर लोग बेरंग ये दुनिया देखा है मैने खुद आगे जाने को कुचला उसे स्वार्थी हुआ इन्सान देखा है मैने धर्म की आँधी …