Category: मनोज कुमार

दिल करता है……………. कर देता हूँ |गीत| “मनोज कुमार”

मैं और मेरी कलम…………….. दिल करता है जब जब में,लिख देता हूँ | मैं अपनी कलम से अपना, दर्द बयाँ कर देता हूँ || मैं और मेरी कलम हम …

छोड़ दी है………….तेरे ही लिये |गीत| “मनोज कुमार”

छोड़ दी है नौकरी भी तेरे ही लिये लगने लगे चक्कर गली तेरे ही लिये देखा तुझे गाने लगा गीत भी दिल तेरे इस मुखड़े पे ये मरने लगा …

तेरे चेहरे पे तो…….. तोड़ लायेंगे |गीत| “मनोज कुमार”

तेरे चेहरे पे तो हम मर मिट जायेंगे तेरे लिये हम चाँद तारे तोड़ लायेंगे तेरे चेहरे पे तो………………………….. तोड़ लायेंगे किस दुनिया से लायी हो रूप रानी प्यार …

६१. आ जाओ इस दिल में…………. सब मस्तियाँ |गीत| “मनोज कुमार”

आ जाओ इस दिल में तुम, खाली हैं कुछ जीबियाँ मैमोरी अभी फुल नही, सेव हैं सब मस्तियाँ आ जाओ इस दिल में……………………………… सब मस्तियाँ गूगल याहू पे खोजा …

६०. अब तो आजा ………………….|गीत| “मनोज कुमार”

अब तो आजा आजा आजा अब तो आजा आजा जानेजा जानेजा आजा आजा……….२ तेरी सूरत बिन देखे अरसा हो गया आजा आजा जानेजा जानेजा आजा आजा……….२ अब तो आजा …

५९ .आइना जैसा………….. जान दिल |गीत| “मनोज कुमार”

आइना जैसा नाजुक है दिल बड़ा कमजोर मेरा है दिल टुकड़े टुकड़े हो जायेगा ये घूरो तोड़ो नही जान दिल आइना जैसा………….. जान दिल इसमें जब भी कोई देखता …

५८. भोले आ जाओ भोले आ जाओ.……|भजन| “मनोज कुमार”

भोले आ जाओ भोले आ जाओ…………………….४ भोले कर दो बेड़ा पार खुशियों की करो बरसात ……………….२ हम बालक तेरे है शम्भू हमपे दया करो नटराज………………….२ मन मंदिर में तुम …

५७. हमने तो सब कुछ खोया ………..जाने के बाद |गीत| “मनोज कुमार”

हमने तो सब कुछ खोया एक तेरे जाने के बाद मैं भी और दिल भी रोया एक तेरे जाने के बाद वीराने गुलशन लगते जब रहते दोनों संग साथ …

५६. जिससे था हमें प्यार ……………चला गया |गीत| “मनोज कुमार”

जिससे था हमें प्यार वो साजन चला गया हम रहते थे जिसके दीवाने चला गया हुई मुद्दतों अब तक जिसका पता नही हमें छोड़ अकेला तन्हा करके चला गया …

५५. गुजरे वक्त की याद…………………रुलाती है |गीत| “मनोज कुमार”

गुजरे वक्त की याद याद आती है | चुपसा रहता है दिल वो रुलाती है || जबसे छीनी है प्यार की दौलत | बनके हम तो फ़क़ीर बैठे है …

५४. कब तक छुपाओगे ये प्यार ………….भी नही |गीत| “मनोज कुमार”

कब तक छुपाओगे ये प्यार प्यार बिना कुछ भी नही | कुछ तो करो तुम शरारत शरारत बिना कुछ भी नही || तेरे लाल लाल रचे हुए हाथ हाथ …

५३. बरसे है रंग……………….. होली आई आज |गीत| “मनोज कुमार”

बरसे है रंग और उड़े है गुलाल होली आई, होली आई, होली आई आज सुर भी है ताल और गीतों के साथ होली आई, होली आई, होली आई आज …

५२. मुझे रंग दे तू …………………डाल के |गीत | “मनोज कुमार”

मुझे रंग दे तू रंग दे ओ लाल क हर्बल गुलाल डाल के……………………………..२ तुझे रंग दूँ में रंग दूँ ओ लाल क हर्बल गुलाल डाल के……………………………..२ आओ नफरत को …

५१. मैंने अपनी रचना “जीवन का आधार है बेटी” प्रतियोगिता में प्रकाशित की है | यदि आपको मेरी रचना पसंद आये , तो अपना अमूल्य वोट देने की कृपा करें | मैं उसके लिए आपका आभारी रहूँगा

link………. जीवन का आधार है बेटी नामक शीर्षक से प्रकाशित मेरे द्वारा रचित रचना http://sahityapedia.com प्रतियोगिता में शामिल है |अतः आपसे अनुरोध है | यदि आपको मेरी रचना पसंद …

५०. तेरे सब गम चुरा लेंगे…………….. भी बुला लेंगे |गीत| “मनोज कुमार”

तेरे सब गम चुरा लेंगे तेरे सब दर्द मिटा देंगे छाया तेरा नशा दिल पे तेरे सब कर्ज मिटा देंगे माना ये दौर है मुश्किल ख़ुशी फिर भी चुरा …

४८. गोरे- गोरे गाल…………. तेरा होना पास मेरे |गीत| “मनोज कुमार”

गोरे- गोरे गाल तेरे सिल्की- सिल्की बाल तेरे देता है प्यारा अहसास इनका होना पास मेरे जन्म जन्म साथ मेरे रग रग में वास मेरे देता है मस्ती उल्लास …

४७. अगर दिल महोब्बत में…………….. नही होता |गीत| “मनोज कुमार”

अगर दिल महोब्बत में डूबा ना होता रोता ना दिल दिलबर झूठा ना होता करता ना भूल ना जुदा तुमसे होता ना थे नसीब में एतबार नही होता अगर …

४६. अगर पास आके……….आजमा लेते |गीत| “मनोज कुमार”

अगर पास आके मुस्करा देते मिट जाते शिकवे आजमा लेते दिल की कहानी थोड़ा कह देते तेरे ही तो हैं आजमा लेते अगर पास…………………………………….. आजमा लेते तन्हाई दूर सारी …

४५. महोब्बत कर लेते …………………….. गर तुम भी |गीत| “मनोज कुमार”

महोब्बत कर लेते हम भी, साथ गर दे जाते तुम भी जीत लेते हम तो दुनिया, साथ में होते गर तुम भी महोब्बत कर लेते ………………………………………. गर तुम भी …

४४. तुमसे मिलता…… संसार सनम |गीत| “मनोज कुमार”

तुमसे मिलता है अपनापन तुमसे महके मेरा घर आँगन तुमसे ही हैं जज्बात सनम तुम साँस मेरी संसार सनम तुमसे मिलता……………………… संसार सनम अंजाम मेरा मेरी भोर हो तुम …

४३. दिल आ गया जिसपे……….|गीत| “मनोज कुमार”

दिल आ गया जिसपे वो है मासूम सा चेहरा बड़ा शर्मीला है वो तो खिला है फूल सा चेहरा तरन्नुम सी आवाजें हैं मगर खामोश है चेहरा नही कोई …

४२. खाबों में तुम हो……….|गीत| “मनोज कुमार”

खाबों में तुम हो जवाबों में तुम हो ख्यालों में तुम हो सवालों में तुम हो जब भी मैं देखूँ बहारों में तुम हो खाबों में तुम हो………………………………………….. मिट …

४१. टूट गयी अपनी ……….|गीत| “मनोज कुमार”

टूट गयी अपनी पुरानी महोब्बत रूठ गयी अपनी दीवानी महोब्बत मनाया भी हमने ना मानी महोब्बत दिल का भी हाल ना जानी महोब्बत टूट गयी अपनी………………………….. जानी महोब्बत क्या …