Category: जॉन क्रिश्चियन

मन मरन समय जब आवेगा

मन मरन समय जब आवेगा। धन सम्पत्ति अरु महल सराएँ, छूटि सबै तब जावेगा ।। ज्ञान मान विद्या गुन माया, केते चित उरझावेगा ।। मृगतृष्णा जस तिरषित आगे, तैसे …

अब क्या सोचत मूढ़ नदाना

अब क्या सोचत मूढ़ नदाना। हित सुत नारी ठामहि रहिहै, धन-संपत के कौन ठिकाना ।। माया मोह के जाल पसार्यो, बेरि पयानक क्या पछताना ।। वास आपनो इतहि बँधायो, …