Category: आशुतोष कुमार

उस घर कि खिड़कियाँ

कुछ करवटें, कुछ कराहटें कुछ सन्नाटें , कुछ आहटें कुछ निशानियां, कुछ लिखावटें, कुछ ठहाकें, कुछ सिसकियाँ, कुछ लोरियाँ, कुछ किलकारियाँ कुछ मायूसियाँ , कुछ मुस्कुराहटें कुछ खामोशियाँ, कुछ …