Category: अंशुल पोरवाल

अँधेरा तेरे दिल में हैं अँधेरा मेरे दिल में हैं

अँधेरा तेरे दिल में हैं अँधेरा मेरे दिल में हैं , घरो में इन रोशनियों का तू बता क्या हैं फायदा अपने तेरे इधर भी हैं अपने मेरे उधर …