Category: आनंद बख़्शी

होली के दिन दिल खिल जाते हैं

चलो सहेली, चलो रे साथी, ओ पकड़ो-पकड़ो रे इसे न छोड़ो, अरे बैंया न मोड़ो ज़रा ठहर जा भाभी, जा रे सराबी क्या ओ राजा, गली में आजा होली …

हाय शरमाऊँ, किस किस को बताऊँ

हाय शरमाऊँ, ओए ओए हाय शरमाऊँ, किस किस को बताऊँ ऐसे कैसे मैं सुनाऊँ सब को अपनी प्रेम कहानियाँ, अपनी प्रेम कहानियाँ बालम की, बालम की हाय तीन निशानियाँ …

हम यहाँ तुम यहाँ दिल जवाँ

हम यहाँ तुम यहाँ दिल जवाँ वो समाँ लेकिन कहाँ शुरू-शुरू के प्यार का फिर से चलो चुराएँ दिल यार का हम यहाँ तुम यहाँ दिल जवाँ वो समाँ …

हम दोनों दो प्रेमी दुनिया छोड़ चले

कि : हम दोनों दो प्रेमी दुनिया छोड़ चले जीवन की हम सारी रस्में तोड़ चले को : ऐ बाबू कहाँ जइबो रे ल : हम दोनों दो प्रेमी दुनिया छोड़ चले …

हमको मुहब्बत ढूँढ रही थी

हमको मोहब्बत ढूंढ रही थी नाम पता सब पूछ रही थी हमको मोहब्बत … तेरी कसम ओ तेरी कसम हम पकड़े गए हैं हथकड़ियों में जकड़े गए हैं हमको …

सोलह बरस की बाली उमर को सलाम

कोशिश कर के देख ले दरिया सारे नदिया सारी दिल की लगी नहीं बुझती, बुझती है हर चिंगारी सोलह बरस की बाली उमर को सलाम ऐ प्यार! तेरी पहली …

सामने ये कौन आया दिल में हुई हलचल

सामने ये कौन आया दिल में हुई हलचल देख के बस एक ही झलक हो गये हम पागल बातें मुलाक़ातें तो होंगी हम से भी वो हम पे खुलेंगी …

सनम मेरे सनम, कसम तेरी कसम

अमित: सनम मेरे सनम, कसम तेरी कसम मुझे आजकल नीँद आती है कम अल्का: सनम मेरे सनम, कसम तेरी कसम तेरे लिए हुआ, जनम मेरा जनम महक रहा है …

सच्चाई छुप नहीं सकती

हाँ …, सच्चाई छुप नहीं सकती, बनावट के उसूलों से कि खुशबू आ नहीं सकती, कभी कागज़ के फूलों से मैं इन्तज़ार करूँ, ये दिल निसार करूँ मैं तुझसे …

संग बसंती अंग बसंती रंग बसंती

संग बसंती अंग बसंती रंग बसंती छा गया मस्ताना मौसम आ गया संग बसंती अंग … धरती का है आँचल पीला झूमे अम्बर नीला\-नीला सब रंगों में है रंगीला …