Tag: Understanding

साधन से ज़्यादा साथ ज़रुरी – अनु महेश्वरी

न शिकवा करें, न शिकायत करें, साधन से ज़्यादा साथ ज़रुरी होता है। न कभी रूठे रहें, न खामोश रहें, बातों से अपनी खुशहाल ये ज़िंदगी है। खुद का …