Tag: हास्य व्यंग

बुद्धिजीवी – शिशिर “मधुकर”

अपने जीवन में गर तुम इन बातों को सदा अपनाओगे तो निश्चित ही अपने भारत के बुद्धिजीवी कहलाओगे सबसे पहले हिन्दू मत का सीधा सीधा अपमान करो सभी लुटेरे …

मिलकर गाल बजाए – शिशिर “मधुकर”

आज के भारत की सबको सच्ची तस्वीर दिखाए मिलकर गाल बजाए आओ मिलकर गाल बजाए. आज हमारी जनता का सच से ना कोई नाता है उसे पसंद करे ये …

अच्छा लगता है (व्यंग)

अच्छा लगता है दुनिया में सबके शौक निराले जाने किसको क्या अच्छा लगता है केश कटाकर नारी रहती, पुरुषो को बाल बढ़ाना अच्छा लगता है !! अजीब ही खयालात …