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समाज का आईना — डी के निवातिया

समाज का आईना *** आज अचानक वर्षो के  बाद  विद्यार्थी जीवन में पढ़ी तुलसी जी की वो पंक्तिया एक बच्चे ने उस समय  फिर याद करा दिया, जब वह …

रिश्तों को जीना सीखें – अनु महेश्वरी

निभाते निभाते रिश्ते भी, बोझ से लगने लगते है| आसान अगर बनाना है, रिश्तों को जीना सीखें| आप जुड़े हो, किसी भी पेशे से, एक बार उसे अपना, मान …

दिल करता है……………. कर देता हूँ |गीत| “मनोज कुमार”

मैं और मेरी कलम…………….. दिल करता है जब जब में,लिख देता हूँ | मैं अपनी कलम से अपना, दर्द बयाँ कर देता हूँ || मैं और मेरी कलम हम …

बयानबाज़ी – अनु महेश्वरी

कभी कभी सोचती हूँ, क्या कोई इंसान जन्म से बुरा होता होगा? कोई भी जन्म से बुरा, सायद नहीं होता है, लगता है, परिस्थितियां इंसान को बुरा बना देती …

अपना हौसला बनाए रखना – अनु महेश्वरी

अपने आँसुओ को, हर किसी की बात पे, यूँ ही जाया मत करना, जिसको क़दर नहीं, फ़रक न होगा इस से, वह तो तेरा दिल दुखा, आगे बढ़ जायेंगे, …

भगवन सुन ले मेरी ये पुकार – अनु महेश्वरी

भगवन सुन ले मेरी ये पुकार, भाईचारा रहे धरा में अपार| अँधियारा मिटा के राहों से, सबके जीवन में उजाला भरदे, भगवन सुन ले मेरी ये पुकार, भाईचारा रहे …

विचारधारा – अनु महेश्वरी

सब विचारों की ही तो कहानी है, सोच सकारात्मक हो तो शांति बनी रहती , और सुकून रहता है, नकारात्मक हो तो अशांति फैलती, और नुकसान होता है| यह …

नारी की अभिलाषा – अनु महेश्वरी

क्या साल में एक दिन, नारी दिवस मना कर, बाकी बचे हर रोज, उसकी अवहेलना करने से, आ पायेगा परिवर्तन समाज में? वैसे तो हम देवी को भी पूजते …

सच्चाई दिखलाता हूँ — डी. के. निवातिया

सच्चाई दिखलाता हूँ नित्य कर्म की तरह सुबह कार्यशाला के लिए प्रस्थान करने से पहले, तैयार होते हुए जीवन की व्यस्तता में टीवी पर खबरे देख सुन रहा था …

आक्रोश – अनु महेश्वरी

जिसे देखो आक्रोश में है। कोई अपनी हताशा दूसरे पे, निकालने में लगा है, या कोई अपनी धौंस दिखाने में। कोई अपने घरवालों पे, कोई दफ्तर के कर्मचारी पे, …

ज़िन्दगी को खुल के हम जी लें – अनु महेश्वरी

जी लें जी लें ज़िन्दगी को खुलके हम जी लें रुक जाए साँसे उसके पहले जी लें जी लें ज़िन्दगी को खुल के हम जी लें। हँस लें हँस …

कलयुगी भक्ति में शक्ति

कलयुगी भक्ति में देखि शक्ति अपार, तभी तो बन बैठे वो महान ! कितने मुखड़े छिपे इन चेहरो में, इससे विचलित है स्वंय भगवान !! लूट खसोट कर अमीर …