Author: Rakesh Pandey

यूँ ही नहीं स्वप्न देखता हूँ मैं..

यूँ ही नहीं स्वप्न देखता हूँ मैं, सच कहूँ तो ये आइना हैं- उन तानों बानों का जिनका जुड़ाव है मेरे जज्बातों से, इरादों से और उन्मादों से | …