Author: Rakesh Aryan

दिल आवारा कर लिया जाये – राकेश आर्यन

चलो आज फिर से दिल आवारा कर लिया जाये टूटे हुए हर टुकड़े को सितारा कर लिया जाये मुत्तासीफ बयार बेरुखी के आने से पहले चलो किनारा करने वालों …

हवा कहूँ या तेरा नाम लूँ – राकेश आर्यन

खोले अपनी बाँहें.. यूँ चलती रही हवाएं ना शोखियों का होश था ना रवानी का जोश था उसे उड़ने का शौक था न डूबने का ख़ौफ़ था सिर्फ चलना …

इतिहास की क्लास – राकेश आर्यन

बेज़ुबानों के मुख से अपनी बदज़ुबानी गाता है कोई कभी आज़ादी की अनसुनी कहानी सुनाता है कोई बच्चे क्यों न भाग जाए स्कूलों से जब न्यूज़ चैनल पर ही …

जारी रखो – राकेश आर्यन

मिलने बिछड़ने का ये सफर जारी रखो। थोड़ा करार हो और थोड़ी बेकरारी रखो। तू मुझको अपना लगा न जाने कैसी नज़र थी मेरी अगर तेरी भी नज़र-ए-करम हो …

दूर कहीं एक खूबसूरत शाम देखता हूँ – राकेश आर्यन

दूर कहीं एक खूबसूरत शाम देखता हूँ। दोस्तों की दुआ और न जाने कितने सलाम देखता हूँ। वक़्त का पहर कमबख्त वक़्त को रास न हुआ शायद हाथ से …

दिल की बात – राकेश आर्यन

किसी गैर के किस्से सुनाता रहा तुमको। इसी बहाने दिल की बात बताता रहा तुमको। मेरी दिवानगी में थी कमी या तेरी बेपरवाहियां ज्यादा तुझसे दूर होकर अपने क़रीब …