Author: barkhar7

दर्द ए दिल

तुझे पाकर क्या पाया हैं बस अपने दिल को रुलाया हैं तेरी बेरुखी को अपनाया हैं उसमे अपना जीवन बिताया हैं तेरी बेवफ़ाईओ ने दिया मुझे मेरे प्यार का …

झगड़ा

झगड़ा क्यों होता है ये झगड़ा दो लोगों की बीच की टक्करार है इसमे दो दिलो की टूटने की आहट हैं इसमे छोटी छोटी बातों से शुरू होकर बड़े …

आग

वो रातों का पहर , वो शान्त समा वो घड़ी कि सुई कि, टिक-टिक टिक टिक नशे में सोया सारा जहां फ़िर अचानक क्या हुआ धुआँ ही धुआँ , …

बचपन

बचपन कितना सुनहरा है ये बचपन बचपन की यादो में खोया जहां उसकी मिट्ठी यादो में सोया आसमान खिल-खिलाती धूप में , दौड़ता भागता बचपन लहराती ठंडी हवा में …

akelaa

मेरे अंदर एक आग हैं जिस में मैं जल रहा हूँ बस अकेला बिना किसी साथ के अपनी ही धुन में अपना एक लश्य पर पता नहीं कहाँ ओर …