Author: BabitaChatterjee

जन्मदिन

समय रुकता नही, चलता लगातार, टिक-टिक करता, पल-पल अौर बारबार। लो आया जन्मदिन तेरा, फिर एक बार, मेरे लिये जैसे है ये, एक पारिवारिक त्योहार, अभिनंदन, आशीष बधाइयाँ, मिलती …

इतना दम

अपनी सहज दंतुरित मुस्कान से, पत्थर दिल वालों को पिघला दे, नन्हीं किल्कारी एवं करतबों से, रोते हुए को भी हँसा दे, बच्चों में है इतना दम। लहरों से …

बिटिया रानी

मेरे परिवार की बगिया अापसी प्यार एवं स्नेह से लहलहाया, हर्षाया खिला एक नन्हा प्रसून। पुत्र के आगमन पर खुश हुए सभी, दादा-दादी,पापा,चाचा मामा एवं नाना-नानी खुश तो थी …