गीत-वृक्ष है जीवन, न हो प्रदूषण-शकुंतला तरार

गीत-

“वृक्ष है जीवन, न हो प्रदूषण”

वृक्ष है जीवन, न हो प्रदूषण, वृक्ष बिना जग सून है

ताल तलैया पोखर नदिया, वृक्ष बिना सब सून है||

 

वृक्ष है देता जल भूमि को, और देता हरियाली है

शुद्ध हवा और लकड़ी देता, और देता खुशहाली है

वृक्ष जो ना हो धरती पर, मानव संवेदन हीन है

ताल तलैया पोखर नदिया, वृक्ष बिना सब सून है||

 

जलचर जीवन सफल बनाते, वनचर निर्भय विचरण करते

पंछी कलरव करते उड़ते, नभ में विहंगम दृश्य दिखाते

वृक्ष सभी को मित्र बनाते, हत्या इनकी संगीन है

ताल तलैया पोखर नदिया, वृक्ष बिना सब सून है||

 

बरगद, पीपल, आम, इमली, सरई, शीशम, तेंदू, चार,

नीम, आंवला, जामुन, महुवा, हमें सिखाते सद व्यवहार

वृक्ष न काटो सुनलो भैया, वृक्ष बिना हम दीन हैं

ताल तलैया पोखर नदिया, वृक्ष बिना सब सून है||

 

पुरखों ने जो बिरवा रोपा, उसे संजोना काम हमारा

शहर बसाने वन ना उजाड़ें, वृक्ष बचाना काम हमारा

बादल पानी वर्षा होगी, भोजन मिले दो जून है

ताल तलैया पोखर नदिया, वृक्ष बिना सब सून है||

शकुंतला तरार

11 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 05/06/2017
    • shakuntala tarar 06/06/2017
  2. Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 05/06/2017
    • shakuntala tarar 06/06/2017
  3. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 05/06/2017
    • shakuntala tarar 06/06/2017
  4. Kajalsoni 05/06/2017
    • shakuntala tarar 06/06/2017
  5. babucm babucm 05/06/2017
    • shakuntala tarar 06/06/2017
  6. Madhu tiwari madhu tiwari 07/06/2017

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