हम सब यहाँ एक इम्तिहान रोज देते है – अनु महेश्वरी

हम सब यहाँ एक इम्तिहान, रोज देते है,
जिस का परचा, खुद ईश्वर लिखते है|
जो भी इसे, सरलता से ले लेता,
वही, जीवन, सादगी से जी लेता|

जो ज़िन्दगी के सवालों में खो जाता,
जीवन में, उसके तनाव सा आ जाता|
कोशिश करे हम, निष्कपटता से जिने की,
ईमानदारी को अपने जीवन में जगह देने की|

जितनी शुचिता, हम रखेंगे जीवन में,
उतनी ही मधुरता, बनी रहेगी ज़िन्दगी में|
अपनी ज़िन्दगी को हम उलझाना चाहते है,
या सुलझाना चाहते, यह अपने ही हाथ में है|

कभी कभी माफी मांगने से, परिस्थिति शांत बनी रहती है,
कभी कभी किसी को माफ़ कर देने से, शांति बनी रहती है|
न ही माफी मांगने से, कोई नज़रो से गिरता है,
न ही माफी देने से, कभी अहमियत कम होती है|

 
अनु महेश्वरी
चेन्नई

18 Comments

  1. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 25/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 25/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 25/05/2017
  2. Bindeshwar prasad sharma bindeshwar prasad sharma 25/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 25/05/2017
  3. Kajalsoni 25/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 25/05/2017
  4. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 25/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 26/05/2017
  5. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 25/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 26/05/2017
  6. babucm babucm 26/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 26/05/2017
  7. Madhu tiwari Madhu tiwari 26/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 26/05/2017
  8. MANOJ KUMAR MANOJ KUMAR 27/05/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 27/05/2017

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