आचरण – बी पी शर्मा बिन्दु

आचरण

कर्ज में रूपया पैसा मिलेगा

कर्ज में प्यार मिलता नहीं।

जो चाहो सब कुछ खरीदो

बाजार में ज्ञान बिकता नहीं।

झूठ कबतक तुम बताते रहोगे

झूठ छुपाने से ये छुपता नहीं।

कमाना है तो इज्जत कमाओ

कर्म से बढ़कर कुछ भी नहीं।

बस में नहीं मन है किसी का

लालच किये तो फलता नहीं।

आचरण को खुद ही संहालो

तिरस्कार में आदर मिलता नहीं।

नफरत तोड़ देता है दिल को

नफरत दिल कभी जोड़ता नहीं।

इंसान की इमानदारी नीयति बड़ी

इंसान वहीं जो फर्ज भूलता नहीं।

ज्ञान चाहे तुम जितना लुटाओ

ज्ञान व्यापार कभी होता नहीं।

धन दौलत सब दिखावा है

धन कभी साथ चलता नहीं।

जीवन सुख दुख का साथी

जीवन का कोई भरोसा नहीं।

आत्मा का रूपांतरण हो जाता

आत्मा कभी भी मरता नहीं।

मॉ बाप से बढ़कर कुछ नहीं

सेवा बिन मुक्ति मिलता नहीं।

समय बड़ा बलवान है होता

समय से बढ़कर कुछ भी नहीं।

 

बी  पी  शर्मा   बिन्दु

16 Comments

  1. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma bindeshwar prasad sharma 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma bindeshwar prasad sharma 13/05/2017
  2. ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma bindeshwar prasad sharma 13/05/2017
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma bindeshwar prasad sharma 13/05/2017
  4. MANOJ KUMAR MANOJ KUMAR 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma 17/05/2017
  5. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar Prasad sharma 13/05/2017
  6. C.M. Sharma babucm 13/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma bindeshwar prasad sharma 14/05/2017
    • Bindeshwar prasad sharma Bindeshwar prasad sharma 17/05/2017

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