मीठी यादें – अनु महेश्वरी

चलते चलते इस ज़िन्दगी में,
लोग भी मिलते रहेंगे राहों में,
कुछ चलेंगे अपने साथ,
कुछ छोड़ जाएंगे साथ,
कुछ बस दो पल का ही देंगे साथ|
जो छूट जाएंगे बीच राहों में,
रहेंगी साथ बस उनकी यादें|
बनानी है कैसी यह यादें?
है हमारे, अपने ही हाथ में|
जैसे हर क्रिया की प्रतिक्रिया होती है,
वैसे ही अच्छा व्यवहार रखेंगे, तो मीठी यादें ही बनेंगी|
अब हमें सोचना है, कैसी यादें,
हम साथ लेकर आगे बढ़ना चाहते,
मीठी और अच्छी यादें?
जिस से “आज” भी शांति बनी रहे,
और आने वाले “कल” में भी,
इस संघर्ष भरी ज़िन्दगी में,
उन यादों के सहारे,
हमें आगे बढ़ते रहने की,
ऊर्जा मिलती रहें|
यादो के सहारे ही सही,
हम कुछ पल तो मुस्कुरा सकें,
जीवन में अपने|
ज़िन्दगी तो चलती रहेंगी|
ज़िन्दगी तो चलती रहेंगी|

 

अनु महेश्वरी
चेन्नई

18 Comments

  1. Madhu tiwari Madhu tiwari 15/04/2017
  2. ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 15/04/2017
  3. kiran kapur gulati kiran kapur gulati 15/04/2017
  4. ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 15/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 15/04/2017
  5. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 15/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 15/04/2017
  6. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 15/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 15/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 15/04/2017
  7. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 15/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 15/04/2017
  8. Kajalsoni 16/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 16/04/2017
  9. C.M. Sharma babucm 17/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 17/04/2017

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