भाईचारा – अनु महेश्वरी

इंसान है हम, अपनी इंसानियत को ज़िन्दा रखे,
बिना वजह किसी बात को तूल देना बन्द करे।

अपने फ़र्ज़ को, हम अधिकारों से ज्यादा महत्व दे,
नागरिक के नाते कुछ कर्तव्य हम भी याद करे।

मिल जुल के कुछ समस्या के हल की कोशिश हो,
हमेशा न्यायालय का दरवाजा खटखटाना बंद करे।

भाईचारा बना रहे समाज में, यही हमारी कोशिश हो,
किसी के बारे में अपशब्द कहना हम बंद करे।

इंसान है हम, अपनी इंसानियत को ज़िन्दा रखे,
बिना वजह किसी बात को तूल देना बन्द करे।

 
अनु महेश्वरी
चेन्नई

16 Comments

  1. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 02/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 02/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 03/04/2017
  2. C.M. Sharma babucm 03/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 03/04/2017
  3. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 03/04/2017
  4. ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 03/04/2017
  5. sarvajit singh sarvajit singh 03/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 03/04/2017
  6. Kajalsoni 03/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 03/04/2017
  7. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 04/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 04/04/2017
  8. mani mani 04/04/2017
    • ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 04/04/2017

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