होली

होली
मना रहे हैं आज होली।
रंगाते हुए धोती और चोली।
रिस-राग त्याग कर देखो,
भूल कर सब तीता बोली।
होली है भाई होली है कहते,
खाते पीते भंग के गोली।
एक दूसरे को रंग अविर लगाते,
महल हो या झोपड़ी खोली।
हिन्दू मुश्लिम भी गले लग रहे हैं आज,
कल चलाएंगे फिर एक दूसरे को गोली।
आज होली है भाई होली है
होली है भाई होली है!!
22-03-2016

3 Comments

  1. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 18/03/2017
  2. C.M. Sharma babucm 18/03/2017
  3. Madhu tiwari Madhu tiwari 18/03/2017

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