प्यार दिखा के गौरी तुमने

प्यार दिखा के गौरी तुमने
शमशीर मेरे चुबो दिया…
सबकुछ छोड-छाड के संग मे
मै तो तेरे आया था
देगी ऐसी दगा तु मुझको
कभी नही भरमाया था
जिस कुए से प्यास बुझाई
उसी मे तुमने डुबो दिया
प्यार दिखा के गौरी तुमने
शमशीर मेरे चुबो दिया…
कोकिल सी बोली सुनके गौरी
खूब लगाई थी मैने जौरी
इसके बीच न ध्यान आया
कच्ची है मेरी प्रेम की डोरी
हाथ-पाव जोडे तेरे आगे
फ़िर भी दिल को तोड दिया
प्यार दिखा के गौरी तुमने
शमशीर मेरे चुबो दिया…
इक बार तो बनके देखती मेरी
देता सब-कुछ जो तु लेरी
हाथ मे नही अब कुछ भी मेरे
हो गई गौरी बहुत ही देरी
जिस हाथ से आंसू पोछे
उन्ही से आज तुमने रुला दिया
प्यार दिखा के गौरी तुमने
शमशीर मेरे चुबो दिया…
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कृष्ण सैनी

21 Comments

  1. डॉ. विवेक डॉ. विवेक 11/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 11/03/2017
  2. Madhu tiwari Madhu tiwari 11/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 11/03/2017
  3. Kajalsoni 11/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 11/03/2017
  4. Goutam katariya 11/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 11/03/2017
  5. priya saini 11/03/2017
  6. कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 11/03/2017
  7. babucm babucm 11/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 12/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 12/03/2017
  8. komal sharma 12/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 12/03/2017
      • komal sharma 12/03/2017
        • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 12/03/2017
  9. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 12/03/2017
    • कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 12/03/2017
  10. Avinash Prajapati 17/03/2017

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