” जी लो मुस्कुरा कर”…. काजल सोनी

आये थे हम रोते रोते ,
जायेंगे सब को रुला कर ।
दो पल की जिंदगी हैं यारों ,
जी लो बस मुस्कुरा कर ।

क्यु तन्हा होते हो खुद से ,
अपना किसी को बता कर ।
अपने बेगाने तो तब पहचानोगे ,
देखोगे जब आजमा कर ।

पर क्यूँ आजमाते तुम किसी को ,
चलो सब को अपना कर ।
दर्द तो है नशीब से मिलते ,
रक्खो इस दिल को भी बहला कर।

आयेगी न दोबारा ये जिंदगी ,
कभी वापस लौट कर ।
हंसो हंसाओ खुश रहो ,
जी लो बस मुस्कुरा कर ।

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“काजल सोनी”

14 Comments

    • Kajalsoni 07/03/2017
  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 07/03/2017
    • Kajalsoni 07/03/2017
  2. कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 07/03/2017
    • Kajalsoni 07/03/2017
  3. डी. के. निवातिया डी. के. निवातिया 07/03/2017
    • Kajalsoni 07/03/2017
  4. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 07/03/2017
    • Kajalsoni 07/03/2017
  5. Madhu tiwari Madhu tiwari 07/03/2017
    • Kajalsoni 07/03/2017
  6. babucm babucm 07/03/2017
  7. Kajalsoni 08/03/2017

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