काश तुम साथ में होते – शिशिर मधुकर

काश तुम साथ में होते तो जीवन खुशनुमा होता
तन्हाई का गहरा दाग़ तब ना कोई बदनुमा होता
तेरी उल्फ़त में हर शै को मैं फिर कुर्बान कर देता
जीवन के लम्बे सफ़र में गर तू मेरा रहनुमा होता

शिशिर मधुकर

6 Comments

  1. Madhu tiwari Madhu tiwari 28/01/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/01/2017
  2. babucm babucm 28/01/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 28/01/2017
  3. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 30/01/2017
    • Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 31/01/2017

Leave a Reply