किसान और जवान (विवेक बिजनोरी)

“राजनीति बन गयी तमाशा अपने हिंदुस्तान की,
ये कीमत चुकाई है तुमने शहीदों के अहसान की
लूट लूट गरीबों को अपनी तिजोरी भर रहे,
सबका पेट पालने वाले आत्महत्या हैं कर रहे।
बाद में पैसा दे कर समझे बात बड़े है शान की,
क्या कीमत लगा रहे हो गरीब किसानो की जान की।
क्या कीमत लगा रहे हो देश के वीर जवान की??
राजनीति बन गयी तमाशा अपने हुन्दुस्तान की।”

(विवेक बिजनोरी)

3 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 15/01/2017
  2. C.M. Sharma babucm 15/01/2017

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