कितने युवा है आप ??

नही है युवा देह
ये तो अहसास है मन का
विभिन्न चरणों में है देह
बाधा नहीं ये अवस्था
किन्तु असर है इस मन पर भी
बंद नहीं है खिड़की-दरवाजे
बंद नहीं है विचार
बांधा नहीं है बेड़ियाँ से
ये तो उतसाह है मन का………

खुला है आसमान
खुले है विचार
जोश है दिल में
साहस है जित ने का
इच्छा है पाने की
लगन है कर दिखने की
विश्वास है खुद पर
इस युवा मन को…………….

जब जब ठान लिया
कर दिखाया उसने
जिसको माना अपना
लुटा दिया समग्र
न है सोच नकारात्मक
न है बहाना ना करने का
ख़ुशी होता है नई चुनौतियों से
दिखाता है वीरता स्वयं की
ये सोच है सकारात्मक
इस युवा मन की…………………….

ना है उसे डर भूत का
लुटता है आगामी को
खूशबु भरता है मौजूदा में
न रखती है उम्र मायने
न कोई रुकावट
नहीं है वे बाध्य
चलने के लिए, पूर्व राह पर
वे निर्मित करते है नई पगडंडी
यही परिवर्तन है जीवन का
समाज का, प्रकृति का
होगो तुम्हे स्वीकार ना ………………..
अब नहीं रुकेंगे ये युवा………………….

3 Comments

  1. C.M. Sharma babucm 08/01/2017
  2. Madhu tiwari Madhu tiwari 08/01/2017
  3. कृष्ण सैनी कृष्ण सैनी 09/01/2017

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