सांसें ज़रूरी हैं जैसे तेरे मेरे जीने को…सी. एम्. शर्मा (बब्बू)…

सांसें ज़रूरी हैं जैसे तेरे मेरे जीने को….
लेकिन तू ही ज़रूरी है मेरे होने को…

तुम संग न हो जाए रुस्वा मोहब्बत….
दिल है के डरता मेरा आह भी भरने को…

गूंजे धक् धक् में नाम तुम्हारा…..
ये बंद हो करून कुछ भूल जाने को….

मैं और मेरा इश्क़ है मोहताज तेरा…..
सांसें रुकी हैं तुम बिन, छोड़ जाने को….

आयी हो ऋतु प्यार की बन के जो तुम….
सब गम ‘चन्दर’ अब है बस भूल जाने को….

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/सी. एम्. शर्मा (बब्बू)

10 Comments

  1. ANU MAHESHWARI ANU MAHESHWARI 30/11/2016
    • babucm babucm 01/12/2016
  2. Madhu tiwari Madhu tiwari 30/11/2016
    • babucm babucm 01/12/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 30/11/2016
    • babucm babucm 01/12/2016
  4. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 30/11/2016
    • babucm babucm 01/12/2016
      • डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 01/12/2016
        • babucm babucm 02/12/2016

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