ना छुपा………………मनिंदर सिंह “मनी”

ना छुपा,
अपने चेहरे को,
तेरी आँखों में,
अपना अक्स,
ना देख पाएंगे,
कर के तन्हा,
हमे दुनिया से,
यु ना जा,
बिना तेरे हम,
जी ना पाएंगे,
जाते जाते,
इस जहान से,
चार पांच,
पटियाला पैग,
चिकन के साथ,
लगाएंगे,
सुबह होते होते,
तुम कौन,
हम कौन,
भूल जायेंगे,
परिवर्तन ही जीवन,
सोच तुम्हारी जगह,
किसी और को लाएंगे,
फिर पटियाला पैग,
ख़ुशी से लगाएंगे,
चार पलो की जिंदगी,
बेखबर हर पल,
इस बात से,
कब मिटटी सा हो,
बिखर जाये,
क्यों ना हर पल,
ख़ुशी से जिया जाये,
खुद के साथ,
औरो की,
जिंदगी को भी,
“मनी” महकाया जाये,

मनिंदर सिंह “मनी”

8 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 16/11/2016
    • mani mani 16/11/2016
  2. babucm babucm 16/11/2016
    • mani mani 16/11/2016
      • babucm babucm 16/11/2016
  3. Manjusha Manjusha 16/11/2016
  4. Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 18/11/2016

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