अरमान मेरे अब मचलने है लगे………मनिंदर सिंह “मनी”

वो साथ मेरे आज चलने है लगे,
अरमान मेरे सब मचलने है लगे,,

तन्हाइयो से थी कभी दोस्ती मेरी,
उनसे गुफ्तगू रोज करने है लगे,,

कोई न सरनामा मेरा था यूँ कहीं,
हम उनके ही दिल में रहने है लगे,,

बेवक्त, बेपरवाह थे हम कभी,
खोने से उनको आज डरने है लगे,,

हो सके खुदा मुझे माफ़ करना अभी,
हम आयतें उस की पढ़ने है लगे,,

14 Comments

  1. निवातियाँ डी. के. निवातियाँ डी. के. 02/11/2016
    • mani mani 02/11/2016
  2. babucm babucm 02/11/2016
    • mani mani 02/11/2016
  3. Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 02/11/2016
    • mani mani 02/11/2016
  4. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 02/11/2016
    • mani mani 03/11/2016
  5. डॉ. विवेक डॉ. विवेक 02/11/2016
    • mani mani 03/11/2016
  6. MANOJ KUMAR MANOJ KUMAR 02/11/2016
    • mani mani 03/11/2016
  7. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 03/11/2016
    • mani mani 03/11/2016

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