कह नी मुझे है बात तुम से ऐ सनम………मनिंदर सिंह “मनी”

कह नी मुझे है बात तुम से ऐ सनम,
है इश्क मुझ को जाने कब से ऐ सनम,,

नज़रो ने खेला खेल चहेरे संग कभी,
पर रोज दिल है रोये, तब से ऐ सनम,,

न तेरे वादे, न तेरे इरादे टिक सके,
नाते लिये है तोड़ मुझ से ऐ सनम,,

थी चाह आँखों में तेरी डूब जाने की,
देखा तुझे है मैंने जब से ऐ सनम,

सासें तेरी चलती नहीं मेरे बगैर,
ऐसा सुना था मैंने तुझ से ऐ सनम,,

जुल्फों में उलझी शाम जाने गुम कहाँ,
इंतज़ार तेरा है “मनी” जब से ऐ सनम,

12 Comments

  1. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 31/10/2016
    • mani mani 01/11/2016
  2. डॉ. विवेक डॉ. विवेक 31/10/2016
    • mani mani 01/11/2016
  3. Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 31/10/2016
    • mani mani 01/11/2016
  4. babucm babucm 01/11/2016
    • mani mani 01/11/2016
  5. mani mani 01/11/2016
  6. Meena Bhardwaj Meena Bhardwaj 02/11/2016
    • mani mani 02/11/2016

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