दीपक

बन सके सूरज न तुम तो

दीपक ज़रूर बनना है

याद ये रखना सदा

तुमहे आग ही मे जलना है

कर्तव्य है दीपक का जो

तुमको वही निभाना है

अस्तित्व अपनी मिटाने न देना

तुमको तो रोशन होना है

शाम जो होती है तो

दीपक ही काम आता है

हर ऑगन करता है रोशन

खुद आग ही मे जलता है ।

 

3 Comments

  1. C.M. Sharma babucm 31/10/2016
  2. mani mani 31/10/2016
  3. डॉ. विवेक डॉ. विवेक 31/10/2016

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