पुरुष

पैसों की बचत करता है
परिवार का ध्यान रखता है
ऑफिस में दूसरों से काम करवाता है
घर आकर खुद बीवी का काम करता है
बीवी से दूर भागता है
और पडोशन को गुनगुन के देखता है
ऐसा ही पुरुष होता है
बीवी को शॉपिंग करने मोल ले जाता है
बीवी शॉपिंग करती है वह दूसरे की बीवी को देखता है
खुद की बीवी को परेशान करता है
ऑफिस वाली से आराम से बात करता है
सुबह उठकर कसरत-योग करता है
और रात को बीवी से चीपकर सोता है
ऐसा ही पुरुष होता है
रात को खाने में लिमिट नहीं रखता है
फिर बीवी से कायम चूर्ण माँगता है
अगर बीवी फोन माँगे तो कहता है बेलेंस नही है
बीवी कहती है घूमने चले तो कहता है टाइम नहीं है
शादी से पहले डार्लिंग कहता है
और शादी के बाद नोनसेंस कहता है
ऐसा ही पुरुष होता है
बच्चे का मार्क्स कम हो तो उसे पीटता है
बच्चा अच्छा काम करे तो बेटा-बेटा करता है
छुट्टी में परिवार को घूमने ले जाता है
फिर बीवी के सामने पैसों का हिसाब लगाता है
बस वह पुरुष मेहनत करके कमाता है
और अपना घर अच्छी तरह से चलाता है
ऐसा ही पुरुष होता है
कवि: स्मित परमार

3 Comments

  1. babucm babucm 23/10/2016
  2. mani mani 23/10/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 24/10/2016

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