पहले तोलो,फिर बोलों

कैसे वो बिन सोचे कुछ भी कह जाते है l
बिन हड्डी की वो , ज़बान चला जाते है ll
हर किसी का वो यूँ ही मज़ाक बनाते है l
अपनी बारी पर,वो यूँ गुस्सा हो जाते है ll

अच्छा है बोलना, हमें बोलना चाहिए l
बोलने से पहले , हमें तोलना चाहिए ll
तीखे शब्दों के बाण दिल चिर जाते है l
जिंदगी भर का , गमे दुःख दे जाते है ll

आसान है किसी को पराया बनाना l
मुश्किल है अपनों को जोड़ पाना ll
ऐसा बोलों जो दिल को छू जाये l
रोते चेहरे पर मुस्कान खिल जाये ll

मीठे शब्द मीठा खाने से नहीं आते l
स्वयं महसूस करने से समझ आते ll
मीठे बोल बिगड़ा काम सवार देते है l
वही कड़वे बोल, काम बिगाड़ देते है ll

चाहे कम बोलों पर मीठा बोलों तुम l
ख़ुशी न दे सको तो दुःख ना दो तुम ll
शब्दों के जादू को जब जान जाओगे l
नफरत की आग तभी मिटा पाओगे ll

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12 Comments

  1. डी. के. निवातिया निवातियाँ डी. के. 22/10/2016
    • Rajeev Gupta RAJEEV GUPTA 22/10/2016
    • Rajeev Gupta Rajeev Gupta 22/10/2016
  2. mani mani 22/10/2016
    • Rajeev Gupta Rajeev Gupta 22/10/2016
  3. Shishir "Madhukar" Shishir "Madhukar" 22/10/2016
    • Rajeev Gupta Rajeev Gupta 22/10/2016
  4. Dr Swati Gupta Dr Swati Gupta 22/10/2016
    • Rajeev Gupta Rajeev Gupta 22/10/2016
  5. babucm babucm 22/10/2016
  6. Manjusha Manjusha 22/10/2016

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